ULIP में पैसा लगा रहे हैं तो सावधान! इंश्‍योरेंस रेगुलेटर ने जो कहा है उसे जरूर पढ़ लें

Updated on 22-06-2024 12:35 PM
नई दिल्‍ली: यूनिट-लिंक्ड इंश्योरेंस प्लान (ULIP) में पैसा लगा रहे हैं तो सावधान। बीमा रेगुलेटर IRDAI ने कहा है कि बीमा कंपनियां ULIP और इंडेक्स-लिंक्ड प्लान को निवेश उत्पादों के तौर पर प्रमोट नहीं कर सकतीं। IRDAI ने इसे लेकर एक सर्कुलर जारी किया है। रेगुलेटर ने कहा है कि पिछले फंड प्रदर्शन का हवाला देते हुए विज्ञापन सख्त नियमों का पालन करें। सर्कुलर में यह भी बताया गया है कि विज्ञापनों में फायदों को बढ़ा-चढ़ाकर नहीं बताया जाना चाहिए। सीमाओं का जिक्र किए बिना चुनिंदा फायदों के बारे में खूब बखान नहीं क‍िया जा सकता। प्रतिस्पर्धियों या उद्योग के खिलाफ अपमानजनक तुलना भी ठीक नहीं है।

इन नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए बीमा कंपनियों को नियमों के तहत एक विज्ञापन समिति का गठन करने को कहा गया है। उन्‍हें डिस्‍ट्रीब्‍यूशन चैनलों के भीतर अनुपालन अधिकारियों की नियुक्ति भी करनी होगी। ये संस्थाएं विज्ञापन सामग्री पर कड़ा नियंत्रण बनाए रखने और अनुमोदित नीतियों का पालन सुनिश्चित करने के लिए जिम्मेदार होंगी।

IRDAI ने यह कदम क्यों उठाया है?

इसका मकसद ग्राहकों के हितों की रक्षा करना है। IRDAI चाहता है कि ग्राहक निवेश करने से पहले सारे जोखिमों को अच्छी तरह समझ लें। सर्कुलर में कहा गया है कि विज्ञापनों में कुछ खास बातों का जिक्र जरूर होना चाहिए।सबसे पहले, विज्ञापनों में निवेश से जुड़े जोखिमों के बारे में स्पष्ट रूप से बताया जाना चाहिए। उदाहरण के लिए बताना होगा कि बाजार के उतार-चढ़ाव से रिटर्न पर क्या असर पड़ सकता है।

दूसरा, विज्ञापनों में सभी तरह के चार्ज के बारे में जानकारी देनी होगी। इसमें यूलिप से जुड़े शुल्क और प्रीमियम पर लगने वाले शुल्क शामिल हैं। साथ ही, यह भी बताना होगा कि क्या भविष्य में इन शुल्कों में बढ़ोतरी हो सकती है।

तीसरा, अगर पॉलिसी में कोई गारंटी है तो उसकी शर्तों के बारे में स्पष्ट रूप से बताना होगा। साथ ही, गारंटी की राशि का भी उल्लेख करना होगा।

चौथा, विज्ञापन पिछले प्रदर्शन को बहुत ज्‍यादा नहीं दिखा सकते। अगर पिछले रिटर्न दिखाए भी जाते हैं तो उन्हें सही तरीके से प्रस्तुत करना होगा। पिछले प्रदर्शन को दिखाने के लिए कुछ नियम बनाए गए हैं:
* पिछले पांच कैलेंडर वर्षों के लिए कंपाउंडेड वार्षिक रिटर्न को प्रतिशत के रूप में दिखाया जाना चाहिए, जिसे निकटतम 0.1% तक राउंड ऑफ किया गया हो।
* जहां पिछले पांच कैलेंडर वर्षों का डेटा उपलब्ध न हो, वहां जितने वर्षों का डेटा उपलब्ध हो, उसे दिखाया जाना चाहिए।
* जहां कम से कम एक कैलेंडर वर्ष के लिए डेटा उपलब्ध न हो, वहां पिछला प्रदर्शन नहीं दिखाया जाएगा।
* यह स्पष्ट रूप से उसी फॉन्‍ट और आकार में बताया जाना चाहिए कि पिछला प्रदर्शन भविष्य के प्रदर्शन का संकेत नहीं है।
* संबंधित बेंचमार्क इंडेक्स का प्रदर्शन, यदि कोई हो, को शामिल किया जाना चाहिए।

IRDAI ने र‍िस्‍क फैक्‍टर के कुछ उदाहरण दिए हैं जिन्हें विज्ञापनों में शामिल किया जाना चाहिए:

1. लिंक्ड इंश्योरेंस प्रोडक्ट/वेरिएबल एन्युइटी पे-आउट विकल्प वाले एन्युइटी प्रोडक्ट पारंपरिक बीमा उत्पादों से अलग हैं और जोखिम कारकों के अधीन हैं।

2. लिंक्ड इंश्योरेंस पॉलिसियों में भुगतान किया गया प्रीमियम या वेरिएबल एन्युइटी पे-आउट विकल्प वाली एन्युइटी पॉलिसियों के तहत दी जाने वाली एन्युइटी पूंजी बाजारों और सार्वजनिक रूप से उपलब्ध इंडेक्स से जुड़े निवेश जोखिमों के अधीन हैं। यूनिटों का एनएवी फंड के प्रदर्शन और पूंजी बाजार/सार्वजनिक रूप से उपलब्ध इंडेक्स को प्रभावित करने वाले कारकों के आधार पर ऊपर या नीचे जा सकता है और बीमित व्यक्ति अपने निर्णयों के लिए खुद जिम्मेदार है।

3. _केवल जीवन बीमा कंपनी का नाम है और _ केवल लिंक्ड बीमा अनुबंध का नाम है और किसी भी तरह से अनुबंध की गुणवत्ता, उसके भविष्य की संभावनाओं या रिटर्न का संकेत नहीं देता है।

4. कृपया अपने बीमा एजेंट या मध्यस्थ या बीमा कंपनी की ओर से जारी पॉलिसी दस्तावेज से संबंधित जोखिमों और लागू शुल्कों को जान लें।
कुल मिलाकर IRDAI के इस कदम का मकसद ग्राहकों को वित्तीय रूप से सशक्त बनाना है। IRDAI चाहता है कि ग्राहक सही जानकारी के आधार पर फैसला ले सकें।

क्‍या होते हैं ULIP प्रोडक्‍ट?

यूलिप एक बीमा पॉलिसी है जिसमें निवेश का विकल्प भी शामिल होता है। यह बीमा और निवेश का कॉम्बिनेशन है जो जीवन बीमा सुरक्षा के साथ ही अपने पैसे बाजार में निवेश करने का अवसर देता है। यूलिप में आप प्रीमियम का भुगतान करते हैं, जिसका एक हिस्सा बीमा सुरक्षा के लिए जाता है। बाकी का हिस्सा यूनिट्स में निवेश किया जाता है। ये यूनिट्स विभिन्न प्रकार के बाजारों से जुड़े होते हैं, जैसे इक्विटी, कर्ज और मनी मार्केट। यूलिप का रिटर्न आपके चुने गए फंडों और बाजार के प्रदर्शन पर निर्भर करता है।

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