फिर टूटा ITR का रेकॉर्ड, लेकिन लेटलतीफी से बाज नहीं आए लोग, करते रहे डेडलाइन का इंतजार
Updated on
02-08-2024 05:34 PM
नई दिल्ली: एसेसमेंट ईयर 2024-25 के लिए आईटीआर फाइल करने की डेडलाइन 31 जुलाई को खत्म हो चुकी है। इनकम टैक्स डिपार्टमेंट एक बार फिर आईटीआर फाइलिंग का रेकॉर्ड टूट गया है। 31 जुलाई तक 7.28 करोड़ आईटीआर फाइल किए गए जो पिछले साल की तुलना में 7.5 फीसदी अधिक हैं। पिछले साल 31 जुलाई तक 6.77 करोड़ आईटीआर फाइल किए गए थे। इस बार नए टैक्स रिजीम का विकल्प चुनने वालों की संख्या में भी भारी बढ़ोतरी हुई है। कुल 5.27 करोड़ टैक्सपेयर्स ने नए टैक्स रिजीम को चुना जबकि 2.01 करोड़ टैक्सपेयर्स ने पुरानी टैक्स व्यवस्था के तहत आईटीआर भरा। इस तरह 72% टैक्सपेयर्स ने नए टैक्स रिजीम को चुना जबकि 28% ने पुराने टैक्स रिजीम का सहारा लिया।विभाग के मुताबिक 31 जुलाई को सबसे ज्यादा 69.92 लाख आईटीआर फॉर्म दाखिल किए गए। इस दौरान रात सात बजे से आठ बजे के बीच एक घंटे में सबसे ज्यादा 5.07 लाख आईटीआर भरे गए। अगर प्रति सेकेंड सबसे ज्यादा आईटीआर फाइलिंग की बात करें तो 17 जुलाई को सुबह 08:13:54 बजे 917 आईटीआर भरे गए। इसी तरह प्रति मिनट के मामले में 31 जुलाई को रात 08:08 बजे सबसे ज्यादा 9,367 आईटीआर भरे गए। डिपार्टमेंट का कहना है कि इस बार 58.57 लाख लोगों ने पहली बार आईटीआर फाइल किया जो इस बात का संकेत है कि टैक्स बेस तेजी से बढ़ रहा है।