
बात बड़े शहरों की करें तो प्रदेश में सबसे अधिक बारिश भोपाल में हुई है, जो सामान्य से 72 प्रतिशत अधिक है। पूर्वी मध्य प्रदेश के जिलों में सामान्य से कम बारिश हुई है। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक मानसून के अरब सागर में लगातार सक्रिय रहने से इस तरह की स्थिति बनी है। बंगाल की खाड़ी में मानसून के सु्स्त बने रहने के कारण पूर्वी मध्य प्रदेश में कम बारिश हुई है।
अब तक 93.3 मिमी. बारिश हुई, जो सामान्य बारिश (116.2 मिमी.) की तुलना में 20 प्रतिशत कम है। पूर्वी मप्र में अब तक 74.1 मिमी. बारिश हुई, जो सामान्य बारिश (132 मिमी.) की तुलना में 44 प्रतिशत कम है। पश्चिमी मप्र में अब तक 108.1 मिमी. बारिश हुई, जो सामान्य बारिश (104.1 मिमी.) की तुलना में चार प्रतिशत अधिक है।
उमरिया- 23.1- 127.3- 82 रीवा- 32.1- 109.4- 71 कटनी- 31.2- 106.4- 71 सीधी- 36.2- 124.6- 71 बालाघाट- 66.4- 171.- 61 सिंगरौली- 44.7- 112.5- 60 सागर- 62.7- 144- 56 सतना- 49.5- 108.4- 54 मंडला- 72.5- 152.3- 52 नरसिंहपुर- 63.2- 127.4- 50 (आंकड़े मिमी. में हैं)
भिंड- 100.7- 54.3- 86, मुरैना- 90.9- 50.6- 80, भोपाल- 199.3- 120- 66, गुना- 143.7- 96.6- 49, नीमच- 120.5- 81.7- 47, ग्वालियर- 86- 61.8- 39, राजगढ़- 132.7- 95.5- 39, इंदौर- 147.9- 108.3- 37, रतलाम- 129.7 95.5- 36, आलीराजपुर- 138.4- 108.8- 27 (आंकड़े मिमी. में हैं)