भोपाल का सौंदर्य अद्भुत
इस मौके पर सीएम डा. यादव ने कहा कि भोपाल का प्राकृतिक सौंदर्य अद्भुत है। एक बार जो यहां आता है, वह यहीं का होकर रह जाता है। खासकर बरसात के मौसम में तो ऐसा लगता है कि परमात्मा ने विशेष कृपा की है। इसे जिस कोने से भी देखो, ऐसा लगता है कि इसे किसी की नजर न लग जाए। ताल-तलैया और झीलों की नगरी है भोपाल। यहां का बड़ा तालाब एक हजार वर्ष पुराना है। आधुनिक समय में यह तालाब बांध निर्माण का सर्वोंत्तम उदाहरण है।
इस मौके पर उन्होंने जल संरक्षण की दिशा में 12वीं की छात्रा एषणा अग्रवाल के प्रयासों को सराहा और कहा कि बच्ची ने तालाब को साफ रखने की अच्छी तकनीक निकाली है। यह अलग प्रकार की विधा है। वनस्पति के माध्यम से जल शुद्धिकरण का यह एक नया नवाचार है। इस टेक्नोलॉजी के जरिए तालाब और झील के पानी को प्राकृतिक रूप से पौधे अपने आप स्वच्छ बनाएंगे।