
राज्यों को अधोसंरचना निर्माण के लिए डेढ़ लाख करोड़ रुपये के दीर्घावधि ब्याज मुक्त ऋण का प्रविधान किया है। वर्ष 2029 में होने वाले सिंहस्थ के लिए मोहन सरकार ने तैयारी प्रारंभ कर दी हैं।
श्रद्धालुओं के लिए आवागमन की सुविधा को देखते उज्जैन महाकाल रोप वे बनाया जा रहा है। इसके लिए बजट में 50 करोड़ रुपये का प्रविधान किया गया है। इसी तरह पीथमपुर में विकसित किए जा रहे मल्टी मॉडल लाजिस्टिक पार्क के लिए 60 करोड़ रुपये रखे गए हैं।
केंद्रीय सड़क निधि के अंतर्गत सेतु बंधन योजना में फ्लाई ओवर समेत अन्य परियोजनाओं की तीन हजार करोड़ रुपये की स्वीकृतियों के लिए 750 करोड़ रुपये इस वित्तीय वर्ष में दिए जाएंगे।
इसी तरह भारतमाला, पर्वतमाला, एक्सप्रेस वे समेत राष्ट्रीय राजमार्गों से जुड़ी विभिन्न परियोजनाओं के लिए नौ हजार 750 करोड़ रुपये का अनुमानित प्रविधान किया है। सड़कों के संधारण के लिए ढाई सौ करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने केंद्रीय बजट के परिप्रेक्ष्य में मंगलवार को बुलाई प्रदेश के बजट की समीक्षा बैठक में अधिकारियों को कई निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट में अधोसंरचना, पंचायत एवं ग्रामीण विकास सहित अन्य क्षेत्रों में विशेष जोर दिया गया है।
इसके प्रविधान को ध्यान में रखकर काम करें। इसका पूरा लाभ उठाया जाए। भोपाल और इंदौर में मेट्रोपालिटन सिटी के विकास कार्य किए जा रहे हैं। खर्चों में कटौती एवं आय बढ़ाने के लिए प्रयास करें।